Custom Pages
[vc_separator type='transparent' color='' thickness='' up='20' down='7']
Portfolio
[vc_separator type='transparent' color='' thickness='' up='20' down='7'] [vc_separator type="transparent" position="center" up="12" down="16"]
Share on facebook
Share on twitter
Share on whatsapp
My solitary life is barren without you
My tranquil nights are insomniac without you
My brocaded dreams are broken without you
My scarlet sky is louring without you
My vibrant hopes are subdued without you
My gleaming eyes are apathetic without you
My rattling heart is wussy without you
My amorous desires are asthenic without you
Your absence stings me to groan in pain,
Your missing smile drives me insane.
Life without your warmth and care,
Makes me hate each tinge of air.
I had never dreamt a world,
Where you will be deeply furled.
Without you my lifeless age,
Must be freed from this cage.
Let me seek for a different birth,
Where together we'll dwell in mirth.
0

Note : Please Login to use like button

Share this post with your friends

Share on facebook
Share on twitter
Share on whatsapp
Share on email
No Comments

Post A Comment

Related Posts

Hindi
Yogesh V Nayyar

मयखाना

मयखाने के दरवाज़े खुलते हैं अंदर की ओर, हर आने वाला अपनी रूबाई सुनाता है। कुछ गम के साए में मजबूर, कुछ अपनी तन्हाइयों से दूर। हर प्याले में होता है जाम, अपने हरषु के लिए बेताब, किसी का गम गलत करने को, तो किसी

Read More »
Hindi
Yogesh V Nayyar

दामन

सच कहा है के अंधेरे में परछाईं भी साथ छोड़ जाती है, जब मौत आती है ज़िंदगी साथ छोड़ जाती है, मगर हम तो उन में से हैं जो न छोड़ते हैं साथ, चाहे हो परछाई या हो मौत का हाथ। थामते हैं दामन जब

Read More »
Hindi
Nilofar Farooqui Tauseef

यात्रा की यादें

हसीन यादों का हसीन सफर।श्याम की नगरी, मथुरा डगर। मन हतोत्साहित, चेहरे पे मुस्कान।मन बनाये नए-नए पकवान। मंदिरों से आती, घण्टों की आवाज़।श्याम की बाँसुरी संग छेड़े साज़। बस का था सफर, मन विचलित।नयन तरसे, होकर प्रफुल्लित। स्वर्ग सैर हुआ मन को।उसी पल कैद किया

Read More »
Article
Shreya Saha

पिता दिवस

जिस प्रकार माँ जीवन प्रदान करती हैं, ठीक उसी प्रकार पिता जीवन को सही दिशा दिखता है। पिता का दिल बाहर से कठोर हो सकता है, लेकिन अंदर से वो नारियल के सामान नरम होता है। पिता अपना प्यार दिखा नहीं पाते, लेकिन संतान पर

Read More »